उत्तर प्रदेश भाग्यलक्ष्मी योजना (Uttar Pradesh Bhagyalakshmi Yojana) की विस्तृत जानकारी हिंदी में

Sharing Is Caring:

UP bHAGYALAKSHMI YOJANA MEIN AAVEDN KI PRAKRIYA,BHAGYALAKSHMI YOJANA,UP bhagyalakshmi yojana ke liye shapt ptr,UP bhagyalakshmi yojana ke liye patrta,UTTAR PRADESH BHAGYALAKSHMI YOJANA KA UDDESHY,Uttar Pradesh bhagyalakshmi yojana,UP Bhagyalakshmi yojana ke aavashyak dstavez,Uttar pradesh bhagyalakshmi yojana hindi mein

उत्तर प्रदेश भाग्यलक्ष्मी योजना (UTTAR PRADESH BHAGYALAKSHMI YOJANA) की विस्तृत जानकारी हिंदी में

भाग्यलक्ष्मी य्प्जना pic

उत्तर प्रदेश के वर्तमान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा बेटी बचाओ मुहीम के तहत प्रदेश में भाग्यलक्ष्मी योजना को लागू करने की घोषणा की गयी है। इस योजना के तहत उत्तर प्रदेश में गरीबी रेखा के नीचे आने वाले परिवारों में बेटी के जन्म होने पर 50,000 रूपए का बांड बेटी के उज्जवल भविष्य के लिए सरकार की ओर से प्रदान किया जायेगा।

लिंग अनुपात में असमानता मानव के अस्तित्व के समाप्ति का संकेत है। इस समस्या के निराकरण हेतु उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री द्वारा उठाया गया, यह एक सराहनीय कदम है। भारत में 2001 की जनगणना में 0-6 वर्ष के बच्चों का  लिंग अनुपात का आंकड़ा 1000 लड़कों के अनुपात में लड़कियों की संख्या 927 थी। जो कि 2010 की जनगणना में घटकर 1000 लड़कों के अनुपात में 918 लड़कियां हो गई।

उत्तर प्रदेश भाग्यलक्ष्मी योजना का उद्देश्य (UTTAR PRADESH BHAGYALAKSHMI YOJANA KA UDDESHY) :

इस योजना का लक्ष्य लड़के और लड़कियों के लिंग अनुपात में  समानता लाना तथा लड़की के अभिभावकों को उनकी शादी में दहेज की चिंता से राहत दिलाना है। दहेज के कारण गरीब परिवारों में बेटियों को जन्म से हीं बोझ समझा जाता है। जिसके कारण उनकी पढ़ाई पर खर्च न करके अभिभावक दहेज के लिए धन जोड़ने लगते हैं। इस योजना के माध्यम से उनकी पढ़ाई में विभिन्न स्तर पर मदद करके, सरकार द्वारा लड़कियों को सशक्त वआत्मनिर्भर बनाने का अवसर प्रदान करने का प्रयास किया गया है। इस योजना के तहत उत्तर प्रदेश राज्य के आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के परिवारों को बेटी के जन्म पर 50,000 रूपए का बांड (bond) राज्य सरकार की ओर से दिए जाने का प्रावधान है।

इस बॉड की राशि को चार चरणों में लड़की के परिवार वालों को उपलब्ध कराया जायेगा जो निम्नलिखित है :

भाग्यलक्ष्मी योजना में आवेदन के लिए पात्रता (BHAGYALAKSHMI YOJANA KE LIYE PATRTA):

  • आवेदक परिवार उत्तर प्रदेश का निवासी होना चाहिए।
  • इस योजना के तहत आवेदक परिवार में दो लड़कियों को ही इस योजना का लाभ प्राप्त होगा ।
  • आवेदक परिवार की लड़कियों का जन्म वर्ष 2006 के बाद हुआ हो ।
  • आवेदक परिवार गरीबी रेखा के नीचे की श्रेणी का होना चाहिए ।
  • परिवार की वार्षिक आय रूपए 2,00,000 से कम होनी चाहिए।
  • इस योजना में आवेदन लड़की के जन्म के एक महीने के अंदर करना अनिवार्य है।

भाग्यलक्ष्मी योजना का लाभ उठाने के लिए माता-पिता का शपत पत्र (BHAGYALAKSHMI YOJANA KA LABH LENE KE LIYE MATA-PITA KA SHAPT PTR):

  •  नवजात बालिका बाल श्रमिक नहीं बनेंगी
  • लड़की की शादी18 वर्ष की आयु के बाद करना अनिवार्य होगा
  • लड़की किसी सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त विद्यालय में शिक्षा प्राप्त करेगी
  •  आंगनवाडी केंद्र में लड़की का नामांकन कराना अनिवार्य होगा

भाग्यलक्ष्मी योजना के लिए आवश्यक दस्तावेज़ (BHAGYALAKSHMI YOJANA KE LIYE AAVASHYAK DSTAVEZ):

  • उत्तर प्रदेश राज्य का स्थियी निवास प्रमाण पत्र
  • आधार कार्ड
  • लड़की का जन्म प्रमाण पत्र
  • आय प्रमाण पत्र
  • जाति प्रमाण पत्र
  • घर के पते का प्रमाण पत्र
  • बैंक खता किसी राष्ट्रीयकृत बैंक का होना चाहिए

उत्तर प्रदेश भाग्यलक्ष्मी योजना में आवेदन की प्रक्रिया (UP BHAGYALAKSHMI YOJANA MEIN AAVEDN KI PRAKRIYA):

इस योजना में आवेदन के लिए आपको ऑनलाइन फॉर्म डाउनलोड करना होगा, तथा लड़की के जन्म होने पर अपने क्षेत्र के आगनबाड़ी संस्था में नामांकन करवाना अनिवार्य होगा, ऑनलाइन फॉर्म के साथ एक शपत पत्र भी डाउनलोड करके भरने के बाद आपको अपने क्षेत्र के आंगनबाड़ी संस्था में जमा करना होगा, भाग्यलक्ष्मी योजना का आवेदन फॉर्म का फोटो नीचे देखिये :

उत्तर प्रदेश भाग्यलक्ष्मी योजना के शपत पत्र की फोटो देखिये नीचे :इस योजना का फॉर्म  तथा शपत पत्र डाउनलोड करने के लिए नीचे दिए लिंक पर क्लिक करिए :

उत्तर प्रदेश भाग्यलक्ष्मी योजना फॉर्म 

उत्तर प्रदेश भाग्यलक्ष्मी योजना के लिए शपत पत्र  

1 thought on “उत्तर प्रदेश भाग्यलक्ष्मी योजना (Uttar Pradesh Bhagyalakshmi Yojana) की विस्तृत जानकारी हिंदी में”

Leave a Comment

error: Content is protected !!